गोकशी को लेकर सांप्रदायिक तनाव, पुलिस पर पथराव, पुलिस ने दागी आसूं गैस, इंटरनेट बंद, दो जगह लगाया कर्फ्यू
बीकानेर बुलेटिन
हनुमानगढ़ में गोकशी को लेकर शुरू हुआ विवाद और गहरा गया है। पुलिस और आंदोलनकारी ग्रामीणों में संघर्ष के बाद दो गांवों में कर्फ्यू लगा दिया गया है। इंटरनेट बंदी के साथ पूरे एरिया में बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात है। संदिग्धों पर कड़ी नजर रखी जा रही है। पथराव-लाठीचार्ज में पुलिस और आंदोलनकारी घायल हुए हैं। इस सिलसिले में पुलिस ने 45 लोगों को हिरासत में लिया है।
दरअसल, चिड़ियागांधी गांव में 21 जुलाई से ही माहौल तनावपूर्ण बना हुआ है। ग्रामीणों का आरोप है कि ईद के मौके पर यहां गोकशी की गई। उसकी पुष्टि भी एफएसएल की रिपोर्ट में हो चुकी है। गोकशी करने वालों के खिलाफ एक्शन की मांग को लेकर ग्रामीण यहां धरना दे रहे थे। इस बीच मंगलवार को आंदोलनकारियों को धरना स्थल से खदेड़ने के बाद माहौल बिगड़ गया है।
इस ज्यादती के खिलाफ ग्रामीणों ने बुधवार दोपहर को रैली निकाली तो धारा-144 का उल्लंघन के आरोप में पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया। इससे माहौल तनावपूर्ण हो गया। पथराव, लाठीचार्ज के बाद और आंसू गैस के गोले भी छोड़े गए। हालात ऐसे बन गए कि जिले के दो गांवों गांधीबड़ी और चिड़ियागांधी में कर्फ्यू लगा दिया। यहां इंटरनेट सेवाएं भी बंद कर दी गईं। वहीं, पुलिस ने धारा 144 के उल्लंघन के आरोप में 43 लोगों के खिलाफ केस दर्ज करने के अलावा 45 से अधिक को डिटेन कर लिया है।
थानाधिकारी सहित दो घायल
पुलिस और आंदोलनकारियों के बीच हुई लाठीचार्ज-पथराव में भिरानी थानाधिकारी ओमप्रकाश सुथार के सिर पर चोट लगी, जबकि एक अन्य ग्रामीण भी चोटिल हो गया। संघर्ष की सूचना पर कलेक्टर नथमल डिडेल और एसपी डॉ. अजयसिंह भी गांधीबड़ी पहुंचे। आसपास के कई थानों एवं पुलिस लाइन से अतिरिक्त फोर्स बुलाकर इलाके में तैनात कर दिया गया है।
एफएसएल में हुई थी गोकशी की पुष्टि
हनुमानगढ़ के चिड़ियागांधी में 10 जुलाई को ईद पर गोकशी का मामला सामने आया था। प्रशासन की ओर से दावा किया गया था कि गौ-हत्या नहीं हुई है। सैंपल लैब में भेजे गए तो एफएसएल रिपोर्ट में गोकशी की पुष्टि हुई। इस पर गांववालों ने आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर प्रदर्शन किया। इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़प भी हुई। इसके बाद 21 जुलाई से ही क्षेत्र में तनाव की स्थिति बनी हुई है।
अगले आदेश तक इलाके में मोबाइल इंटरनेट बंद
कलेक्टर नथमल डिडेल का कहना है कि दोनों गांवों में स्थिति नियंत्रण में है। माहौल बिगड़ने पर पुलिस को बल प्रयोग करना पड़ा। एहतियातन दोनों गांवों में जीरो मोबिलिटी कर्फ्यू लगाया है। इलाके में इंटरनेट भी आगामी आदेश तक बंद रहेगा।
ग्रामीणों ने पुलिस पर पत्थर बरसाए- एसपी
एसपी डॉ. अजयसिंह राठौड़ ने बताया कि चिड़ियागांधी में लॉ एंड ऑर्डर के मद्देनजर पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा। आंसू गैस के 8 गोले भी छोड़े गए। ग्रामीणों ने पुलिस पर पत्थर बरसाए, जिसमें एक एसएचओ को चोटें आई हैं। कानून व्यवस्था बिगाड़ने वालों से सख्ती से निपटा जाएगा। जिले में शांति व्यवस्था बनाए रखने में आमजन भी सहयोग करें।
अगले आदेश तक इलाके में मोबाइल इंटरनेट बंद
कलेक्टर नथमल डिडेल का कहना है कि दोनों गांवों में स्थिति नियंत्रण में है। माहौल बिगड़ने पर पुलिस को बल प्रयोग करना पड़ा। एहतियातन दोनों गांवों में जीरो मोबिलिटी कर्फ्यू लगाया है। इलाके में इंटरनेट भी आगामी आदेश तक बंद रहेगा।
Labels: #बीकानेर


0 Comments:
Post a Comment
Subscribe to Post Comments [Atom]
<< Home